योगी सरकार के निर्देशों को अनसुना कर रहा लखनऊ का लोहिया संस्थान, वेतन निर्धारण में टालमटोल से संविदाकर्मियों में आक्रोश, करेंगे हड़ताल

लखनऊ: शासन के आदेश के बावजूद लोहिया संस्थान के प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा वेतन निर्धारण में टालमटोल किए जाने से आउटसोर्सिंग-संविदा कर्मचारियों में आक्रोश है। ऐसे में उग्र कर्मचारी किसी भी दिन कार्य बाधित कर सकते हैं। जिसकी सारी जिम्मेदारी संस्थान प्रशासन की होगी। संयुक्त स्वास्थ्य आउटसोर्सिंग व संविदा कर्मचारी संघ के प्रदेश महामंत्री सच्चिता नन्द मिश्र ने बताया कि डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा शासन के आदेशों को भी अनसुना किया जा रहा है। आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के वेतन निर्धारण के लिए शासन स्तर से 4 जून 2021 को आदेश जारी किया गया। पर, संस्थान के सीएमएस तथा निदेशक द्वारा इस मामला को शासी निकाय में नहीं ले जाया गया। श्री मिश्र ने बताया कि जहां आउटसोर्सिंग कर्मचारी बेहद कम वेतन पर कोरोना महामारी में मरीजों की लगातार सेवा कर रहे हैं वही संस्थान प्रशासन इनका शोषण कर रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के चिकित्सालय, एम्स तथा टाटा मेमोरियल में इन कर्मचारियों से ज्यादा वेतनमान का भुगतान हो रहा है। मगर संस्थान प्रशासन आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को परेशान कर रहा है। उन्होंने बताया कि दो साल तक संविदा कर्मचारी संघ द्वारा लगातार पत्राचार एवं धरना प्रदर्शन के बाद शासन ने यह आदेश जारी किया था, लेकिन संस्थान उसको दबाने में लगा हुआ है। उन्होंने कहा कि ऐसे में संविदा कर्मचारियों के पास हड़ताल के अलावा कोई विकल्प नहीं है। उन्होंने कहा कि शासन की ओर से धारा 144 लगाकर कर्मचारियों की आवाज को दबाया जा रहा है। अगर उग्र कर्मचारी किसी दिन कार्य बाधित किए तो इसकी सारी जिम्मेदारी संस्थान प्रशासन की होगी। वेतन बढ़ोतरी के संबंध में यूनियन के अध्यक्ष व महामंत्री द्वारा कई बार सीएमएस तथा निदेशक से वार्ता हुई पर प्रशासनिक अधिकारी टालमटोल कर रहे हैं।

Simple GST Billing

Package: Easy to Maintain GST Billing Developed By Easy Enterprises Contact:6394392122,9415804025

Most Populars