दिल्ली के बाद लखनऊ में भी CMV वायरस की दस्तक, KGMU के 40 गर्भवती महिलाओं में पुष्टि 

लखनऊ: दिल्ली के बाद लखनऊ में भी साइटोमगेलो वायरस (सीएमवी) ने दस्तक दे दिया है। केजीएमयू में 50 गर्भवती महिलाओं की जांच में 40 में इसकी पुष्टि हुई है। 16 से 24 हफ्ते की गर्भवती महिलाओं की रूटीन टीएआरसीएच जांच हुई, जिसमें सीएमवी की पुष्टि हुई है। डाक्टरों का कहना है कि गर्भावस्था के दौरान महिलाओं में रोगों से लडऩे की ताकत पहले से कम रहती है। कोरोना संक्रमण से स्थिति और बिगड़ जाती है।  कोरोना को हरा चुके मरीजों पर ब्लैक फंगस समेत दूसरे वायरस हमलावर हो हैं। सीएमवी आक्रामक रूप ले रहा है। सबसे ज्यादा वायरस गर्भवती महिलाओं को शिकार बना रहा है, जो गर्भवती और उसके शिशु के लिए घातक हो सकता है। कोरोना का मौजूदा समय में वायरस का प्रकोप घटा है लेकिन वायरस को हरा चुके लोगों की परेशानियां कम नहीं हो रही हैं। पोस्ट कोविड मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। दिल्ली के बाद राजधानी में सीएमवी ने दस्तक दी है।  केजीएमयू के माइक्रोबायोलॉजी विभाग ने पोस्ट कोविड ओपीडी में 50 गर्भवती महिलाओं की जांच में 40 में वायरस की पुष्टि हुई है। 16 से 24 हफ्ते की गर्भवती महिलाओं की रूटीन टीएआरसीएच जांच हुई, जिसमें सीएमवी की पुष्टि हुई है। डाक्टरों का कहना है कि गर्भावस्था के दौरान महिलाओं में रोगों से लडऩे की ताकत पहले से कम रहती है। कोरोना संक्रमण से स्थिति और बिगड़ जाती है।  डॉ. सुरुचि शुक्ला के मुताबिक क्वीनमेरी अस्पताल में इलाज के लिए आई गर्भवती की भी टॉर्च जांच की गई। सीएमवी संक्रमण से मरीज के लिवर व आंतों में सूजन बढऩे लगती है। यह वायरस गर्भवती महिला में है तो मां से बच्चे में भी जा सकता है। गर्भस्थ शिशु पर होने वाले दुष्प्रभाव को लेकर स्टडी की जा रही है। साइटोमेगालो वायरस हर्पीज वायरस है। यह वायरस खून, लार, मूत्र आदि द्रव्यों से भी हो सकता है। इस वायरस से पीडि़त व्यक्ति में बुखार, पसीना, थकान, गले में खराश, जोड़, मांसपेशियों में दर्द, भूख कम लगना व वजन घटने जैसी समस्या होती है। डाक्टरों का कहना है कि यह वायरस नया नहीं है। कोरोना से पहले मरीजों की संख्या कम रहती थी। 

Simple GST Billing

Package: Easy to Maintain GST Billing Developed By Easy Enterprises Contact:6394392122,9415804025

Most Populars